top of page

संस्कृत वर्णमाला - Sanskrit varnmala

पाठ 2 : संस्कृत वर्णमाला

प्रस्तावना

किसी भी भाषा को सीखने का पहला चरण उसकी वर्णमाला सीखना होता है। संस्कृत वर्णमाला अत्यंत वैज्ञानिक मानी जाती है। इसमें ध्वनियों को उनके उच्चारण स्थान के अनुसार व्यवस्थित किया गया है।

वर्णमाला क्या है?

भाषा की सबसे छोटी ध्वनि को वर्ण कहते हैं। वर्णों के समूह को वर्णमाला कहा जाता है।

संस्कृत वर्णमाला मुख्यतः दो भागों में विभाजित है:

स्वर

व्यंजन

स्वर (Vowels)

स्वतंत्र रूप से बोले जाने वाले वर्ण स्वर कहलाते हैं।

अ आ इ ई उ ऊ ऋ ए ऐ ओ औ अं अः

स्वर याद करने की आसान विधि

अ, आ, इ, ई,

उ, ऊ, ऋ, ए, ऐ,

ओ, औ, अं, अः।

व्यंजन (Consonants)

जो वर्ण स्वरों की सहायता से बोले जाते हैं, वे व्यंजन कहलाते हैं।

क-वर्ग

क ख ग घ ङ

च-वर्ग

च छ ज झ ञ

ट-वर्ग

ट ठ ड ढ ण

त-वर्ग

त थ द ध न

प-वर्ग

प फ ब भ म

अन्तःस्थ व्यंजन

य र ल व

ऊष्म व्यंजन

श ष स ह

कुछ सरल उदाहरण

कमलः = कमल

गजः = हाथी

फलम् = फल

नदी = नदी

बालकः = लड़का

अभ्यास 1

निम्नलिखित स्वरों को लिखिए:

अ ______

इ ______

उ ______

ए ______

ओ ______

अभ्यास 2

क-वर्ग के पाँच वर्ण लिखिए।


अभ्यास 3

च-वर्ग के पाँच वर्ण लिखिए।


रोचक तथ्य

संस्कृत वर्णमाला का क्रम उच्चारण स्थान के आधार पर बनाया गया है। यही कारण है कि इसे दुनिया की सबसे व्यवस्थित वर्णमालाओं में गिना जाता है।


गृहकार्य

सभी स्वरों को 10 बार लिखें।

क-वर्ग और च-वर्ग को याद करें।

कमलः, गजः और फलम् शब्द लिखकर उनका अर्थ याद करें।

 
 
 

टिप्पणियां

5 स्टार में से 0 रेटिंग दी गई।
अभी तक कोई रेटिंग नहीं

रेटिंग जोड़ें

नमो नमः

एक भारत, नेक भारत, अनेक परंपराएं

  • YouTube
  • Facebook
  • Whatsapp
  • Instagram
  • Twitter
  • LinkedIn

© 2025 संस्कृत का उदय

bottom of page